PHOTOS: मसूरी-धनोल्टी घूमना है तो यही है सही समय, बर्फ से सफेद हुए पहाड़, तस्वीरें देख नहीं रुकेंगे कदम

शहर में करीब चार इंच और ऊंचाई वाले स्थानों पर छह इंच से अधिक बर्फबारी हुई है। बर्फबारी की सूचना पर बड़ी संख्या में सैलानी देहरादून सहित आसपास के क्षेत्रों से मसूरी पहुंचे और जमकर मस्ती की।

पहाड़ों की रानी मसूरी में शुक्रवार को सीजन की पहली बर्फबारी हुई है। पहाड़ बर्फ की सफेद चादर से ढक गए। सुबह शुरू हुई बर्फबारी और ठंडी हवाओं के चलते पूरे मसूरी क्षेत्र में तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई।

शुक्रवार को मसूरी में सुबह नौ बजे के करीब बर्फबारी शुरू हो गई और रात तक रुक रुककर बर्फबारी हुई है। शहर में करीब चार इंच और ऊंचाई वाले स्थानों पर छह इंच से अधिक बर्फबारी हुई है। बर्फबारी की सूचना पर बड़ी संख्या में सैलानी देहरादून सहित आसपास के क्षेत्रों से मसूरी पहुंचे और जमकर मस्ती की।

शहर की मालरोड, गन हिल, लाल टिब्बा, जॉर्ज एवरेस्ट, अटल उद्यान सहित आसपास का क्षेत्र बर्फ की सफेद चादर से ढक गया। बर्फबारी के बाद सड़कों, होटलों और प्रमुख पर्यटन स्थलों पर भीड़ देखी गई। पर्यटक बर्फ के बीच फोटो और वीडियो बनाते नजर आए।

वहीं बर्फबारी के चलते लंढौर रोड़, लालटिब्बा मार्ग में वाहनों के फिसलने का खतरा भी बना हुआ है। कैंपटी रोड़ में बर्फ के ऊपर वाहनों का चलना मुश्किल हो गया है। बर्फबारी को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और नगर पालिका की टीम भी अलर्ट मोड पर है।

धनोल्टी के विनोद कुदेसिया ने बताया कि धनोल्टी में सीजन की पहली बर्फबारी होने से लोगों में उत्साह है। इससे पर्यटन कारोबार को अच्छा लाभ मिलेगा। कुलदीप नेगी ने कहा, बर्फबारी किसानों और बागवानों के लिए लाभदायक है। सेब, खुमानी, आड़ू सहित अन्य फलदार पेड़ों के लिए बर्फबारी फायदेमंद रहेगी।

लालटिब्बा में सुबह आठ बजे से ही बर्फबारी शुरू हो गई थी। मसूरी होटल एसोसिएशन अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने कहा कि बर्फबारी से पर्यटन कारोबार को भी नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है। नगर पालिका अधिशासी अधिकारी गौरव भसीन ने कहा कि बर्फ से बंद होने वाली नगर पालिका की सड़कों को खोलने के लिए पूरी तैयारी है। जरूरत पड़ने पर जेसीबी मशीन की सहायता से बर्फ को हटाया जाएगा।

एसडीएम राहुल आनंद ने बताया कि बर्फबारी के बाद शहर की ट्रैफिक व्यवस्था सबसे महत्वपूर्ण होने वाली है। इसको देखते हुए अतिरिक्त पीएसी बुलाई गई है। साथ ही लोनिवि, एनएच, और नगर पालिका की जेसीबी और फील्ड स्टाफ को तैनात किया गया है। सड़क में चूना और नमक का छिड़काव करने के निर्देश दिए गए हैं।

 

Uttarakhand: वसंत पंचमी पर आज घोषित होगी बदरीनाथ धाम कपाट खुलने की तिथि, नरेंद्रनगर राजदरबार पहुंचेगी यात्रा

गाडू घड़ा पूजन के बाद आज घोषित श्री बदरीनाथ धाम कपाट खुलने की तिथि घोषित होगी।श्रीलक्ष्मी-नारायण मंदिर डिम्मर में पूजा अर्चना के बाद ऋषिकेश होते हुए नरेंद्रनगर राजदरबार यात्रा  पहुंचेगी।

वसंत पंचमी पर आज बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि घोषित की जाएगी। इससे पहले बृहस्पतिवार को डिम्मर से डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत के सदस्य गाडू घड़ा के साथ ऋषिकेश के लिए रवाना हुए। शुक्रवार को पुजारी गाडू घड़ा लेकर नरेंद्रनगर राज दरबार पहुंचेंगे। यहां परंपरागत तरीके से भगवान बदरीविशाल धाम कपाटोद्घाटन की तिथि घोषित की जाएगी।

श्रीलक्ष्मी-नारायण मंदिर डिम्मर में बृहस्पतिवार सुबह डिम्मर गांव के पुजारी टीका प्रसाद डिमरी और आचार्यों ने भगवान और गाडू घड़ा की विष्णु सहस्त्रनाम और नामावलियों से महाभिषेक पूजा कर बाल भोग अर्पित किया। इसके बाद बदरीनाथ धाम के डिमरी पुजारियों ने गाडू घड़ा लेकर मंदिर की परिक्रमा की। फिर भगवान श्रीबदरी विशाल के जयकारों के साथ यात्रा रात्रि प्रवास के लिए ऋषिकेश रवाना हुई।

श्रीबदरीश डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत के अध्यक्ष आशुतोष डिमरी ने बताया कि 23 जनवरी वसंत पंचमी को सुबह गाडू घड़ा लेकर डिमरी पुजारी ऋषिकेश से नरेंद्र नगर राजदरबार पहुंचेंगे जहां महाराजा मनुजेंद्र शाह पंचांग पूजा के बाद भगवान बदरीविशाल के कपाट खुलने, भगवान के महाभिषेक में प्रयुक्त होने वाले लिए तिलों के तेल को पिरोने और गाडू घड़ा तेल कलश यात्रा की तिथि घोषित करेंगे।

 

Uttarakhand: एंटी रैगिंग कमेटी में बदलाव की तैयारी में एचएनबी विवि, घटना के बाद से प्रबंधन पर उठ रहे सवाल

राजकीय दून मेडिकल कॉलेज में जूनियर छात्रों के साथ रैगिंग के मामले में एमबीबीएस के नौ सीनियर छात्रों पर कॉलेज, हॉस्टल से निष्कासन की कार्रवाई की गई है। इनमें से दो छात्रों पर निष्कासन के साथ ही 50-50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। घटना के बाद प्रबंधन पर सवाल उठ रहे हैं।

एचएनबी मेडिकल विश्वविद्यालय राजकीय दून मेडिकल कॉलेज की वर्ष 2026 के लिए होने वाले संबद्धता विस्तार के दौरान एंटी रैगिंग कमेटी के सदस्यों को बदल सकता है। हाल ही में हुई रैगिंग की घटना के बाद विवि सख्त है। विवि की ओर से यह निर्णय कॉलेज में बढ़ रही रैगिंग की घटनाओं को देखते हुए लिया गया।

दून मेडिकल कॉलेज में दो जूनियर छात्रों के साथ हुई रैगिंग की घटना के बाद प्रबंधन पर सवाल उठ रहे हैं। हॉस्टल में जिस तरह से सीनियर छात्रों ने मिलकर जूनियर की बेरहमी से पिटाई कर दी इससे सभी छात्रों में भी डर का माहौल है। इस मामले में कॉलेज प्रबंधन ने नौ छात्रों को निष्कासित किया है। साथ ही दो छात्रों पर 50-50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।

सदस्यों को बदलने की तैयारी
राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग और यूजीसी ने भी घटना का संज्ञान लिया है। यूजीसी ने एचएनबी मेडिकल विवि से मामले में जवाब तलब किया था। इसके बाद विवि ने दून मेडिकल कॉलेज से पूरे प्रकरण की विस्तृत रिपोर्ट मांगी थी। अब विवि मेडिकल कॉलेज में रैगिंग के मामलों का निस्तारण करने के लिए गठित एंटी रैगिंग कमेटी को और अधिक मजबूत करने की तैयारी कर रहा है।

ऐसे में कई सदस्यों को बदला जा सकता है। इसके अलावा विवि छात्र सहायता के लिए गठित वीमेन हैरेसमेंट, डिसीप्लीन और इंटर्नल कंप्लेंट कमेटी समेत छह अन्य कमेटियों की समीक्षा कर इनके भी सदस्यों को बदलने की तैयारी कर रहा है।

Haridwar: शांतिकुंज के बैरागीद्वीप में शताब्दी समारोह, दूसरे सत्र में केंद्रीय गृह मंत्री शाह करेंगे संबोधित

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज शांतिकुंज की ओर से बैरागीद्वीप में चल रहे शताब्दी समारोह में शामिल होंगे।  उनके साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश प्रभु और स्वामी परमात्मानंद मंच पर मौजूद रहेंगे।

शांतिकुंज की ओर से बैरागीद्वीप में चल रहे शताब्दी समारोह में मंगलवार को गृह मंत्री अमित शाह संबोधित करेंगे। प्रथम सत्र में योग गुरु स्वामी रामदेव और आध्यात्मिक प्रवक्ता बाबा बालक नाथ ज्योति कलश यात्रा की शुरुआत कराएंगे।

वहीं दूसरे सत्र में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का संबोधन होगा। उनके साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश प्रभु और स्वामी परमात्मानंद मंच पर मौजूद रहेंगे। केंद्रीय गृह मंत्री के आगमन को लेकर सुरक्षा एजेंसियों का एक दस्ता सोमवार को आयोजन स्थल पर पहुंचा।

स्थानीय पुलिस और प्रशासन के साथ एजेंसियों ने आयोजन की पूरी रूपरेखा के बारे में जानकारी ली। गृहमंत्री के कार्यक्रम की तैयारी को लेकर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में भी सचिवालय में बैठक हुई।

 

Uttarakhand: पॉक्सो, एनआई एक्ट, भ्रष्टाचार जैसे मुकदमों का तेजी से होगा निस्तारण, 16 विशेष न्यायालय बनेंगे

मुकदमों का तेजी से निस्तारण हो इसके लिए 16 विशेष न्यायालय बनेंगे। सात एडीजे और नौ एसीजेएम स्तर के न्यायालय चार बड़े जिलों में बनाए जाएंगे।

एनडीपीएस, पॉक्सो, एनआई एक्ट, भ्रष्टाचार जैसे मुकदमों के तेजी से निपटारे के लिए 16 विशेष न्यायालय बनाए जाएंगे। सतेंद्र कुमार अंतिल बनाम सीबीआई केस में पारित निर्णयों के बाद चीफ जस्टिस की अध्यक्षता में गठित कमेटी की संस्तुतियों पर बृहस्पतिवार को कैबिनेट ने इसकी मंजूरी दे दी है। इन न्यायालयों के लिए 144 पदों के सृजन को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी है।

पहले चरण में सात एडीजे और नौ एसीजेएम स्तर के न्यायालय चार बड़े जिलों में बनाए जाएंगे। उच्चतम न्यायालय ने छह अगस्त 2024 को सतेंद्र कुमार अंतिल बनाम सीबीआई केस में निर्णय पारित किया था। यह निर्णय जमानत और मौलिक अधिकारों के संबंध में था। इसमें आरोपियों को नोटिस देने से लेकर जमानतों का तेजी से निपटारा आदि शामिल था।

देहरादून में 16 विशेष अदालतों का गठन किया जाएगा
इसके अलावा इसके बिंदु संख्या पांच में विशेष अदालतों के गठन के निर्देश भी पारित किए गए थे। ये विशेष न्यायालय ऐसे राज्यों में गठित किए जाएंगे जहां पर विचाराधीन कैदियों की संख्या अधिक है। इस निर्णय के बाद उच्च न्यायालय के चीफ जस्टिस की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया गया।

इस समिति ने प्रदेश में एनडीपीएस, पॉक्सो, चेक बाउंस (एनआई एक्ट), भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम जैसे मामलों के तेजी से निपटारे के लिए विशेष अदालतों के गठन की संस्तुति की थी। कैबिनेट ने इसे मंजूरी दी है। प्रथम चरण में हरिद्वार, नैनीताल, ऊधमसिंहनगर और देहरादून में 16 विशेष अदालतों का गठन किया जाएगा।

इसमें सात अदालतें अपर जिला न्यायाधीश और नौ अदालतें अपर मुख्य मजिस्ट्रेट स्तर की होंगी। इसके लिए 144 पदों के सृजन को भी मंजूरी मिली है। इन अदालतों के गठन के बाद यहां पर विचाराधीन मुकदमों का तेजी से निपटारा होगा।

Makar Sankranti: कड़ाके की ठंड; हरिद्वार गंगा में श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी, देवडोलियों ने किया स्नान

कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के बीच मकर संक्रांति स्नान पर्व के लिए श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचे। इस वर्ष संक्रांति और एकादशी का शुभ फलदायी संयोग बन रहा है

माघ मकर संक्रांति स्नान पर्व की शुरआत घने कोहरे और भयंकर ठंड के बीच हुई। बड़ी संख्या में श्रद्धालु स्नान के लिए पहुंचे। ढोल और दमाऊं की थाप के बीच देव डोलियों को लाया गया। और गंगा में स्नान कराया गया। श्रद्धाल हर की पैड़ी गंगा घाट पर पहुंचे। भीषण ठंड के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं दिखा। तड़के से गंगा के सभी घाटों पर लोग स्नान दान और पूजा करते देखे गए। गंगा घाट पर आरती की गई ।

23 वर्ष में बना संक्रांति और एकादशी का शुभदायी संयोग
सूर्य का दक्षिणायन से उत्तरायण में आना और एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करना ही मकर संक्रांति कहलाता है। इस वर्ष संक्रांति और एकादशी का शुभ फलदायी संयोग बन रहा है। इस विशेष मुहूर्त में स्नान को उत्तम बताते हुए ज्योतिषविद महात्म्य बता रहे हैं।

नारायण ज्योतिष संस्थान के ज्योतिषाचार्य आचार्य विकास जोशी ने बताया कि आज बुधवार को दोपहर 3 बजकर 7 मिनट पर सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे।उत्तरायण काल को शास्त्रों में शुभ माना गया है। इस दिन पवित्र नदियों में स्नान, सूर्य को अर्घ्य देना और दान करना विशेष फलदायी होता है। सुबह स्नान कर भगवान शिव, माता पार्वती और भगवान गणेश की पूजा करने के बाद सूर्य देव को अर्घ्य देना विशेष फलदायी रहेगा।

सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग बन रहा
इस दिन सुबह 7 बजकर 31 मिनट बजे से रात 3 बजकर 04 मिनट तक सर्वार्थ सिद्धि योग और अमृत सिद्धि योग बन रहा है। इसके साथ ही चतुर्ग्रही योग और वृद्धि योग भी रहेगा। इससे दिन और अधिक शुभ है। इस साल मकर संक्रांति के दिन षटतिला एकादशी भी पड़ रही है।

यह संयोग करीब 23 साल बाद बन रहा है, जब संक्रांति और एकादशी एक ही दिन आ रही है। ज्योतिष के अनुसार, यह संयोग बहुत पुण्यकारी है। इस दिन किया गया स्नान, दान और पूजा अनंत गुना शुभ फल देने वाला माना जाता है। मकर संक्रांति पर स्नान के बाद सूर्य देव को जल अर्पित करें, जल में गुड़ या लाल फूल डाल सकते हैं। तिल और गुड़ का दान करना शुभ माना जाता है। जरूरतमंदों को कंबल, वस्त्र या अनाज दान करें। आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें इससे विशेष लाभ होगा।

 

Heli Seva: पूर्णागिरी को हेली सेवा से जोड़ने की तैयारी, हेलीपैड के लिए चल रही जमीन चिह्नित की प्रक्रिया

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाडा) को पूर्णागिरी के लिए हेली सेवा शुरू करने का प्रस्ताव तैयार करने को कहा है।

उत्तराखंड में चंपावत जिले के प्रसिद्व धार्मिक स्थल पूर्णागिरी को हेली सेवा से जोड़ने की तैयारी है। इससे तीर्थाटन को बढ़ावा मिलने के साथ ही देशभर से आने वाले श्रद्धालुओं को पूर्णागिरी तक पहुंचने में आसानी होगी।

क्षेत्रीय संपर्क योजना के तहत प्रदेश सरकार राज्य में हवाई कनेक्टिविटी का विस्तार कर रही है। इस योजना से प्रदेश में प्रमुख धार्मिक व पर्यटक स्थलों को हेली सेवाओं से जोड़ा जा रहा है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाडा) को पूर्णागिरी के लिए हेली सेवा शुरू करने का प्रस्ताव तैयार करने को कहा है। सूत्रों के अनुसार पूर्णागिरी में हेलीपैड की सुविधा नहीं है। हेली सेवा के लिए पहले हेलीपैड बनाया जाएगा। इसके लिए जमीन चिह्नित करने की प्रक्रिया चल रही है।

उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (यूकाडा) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी आशीष चौहान ने मुख्यमंत्री के दिशा-निर्देश पर प्रदेश में हवाई सेवाओं का विस्तार किया जा रहा है। प्रसिद्ध धार्मिक स्थल पूर्णागिरी को हेली सेवा से जोड़ने की योजना बनाई जा रही है। इससे देश भर से आने वाले श्रद्धालुओं की यात्रा सुगम होगी।

Uttarakhand: प्रदेश में भी पांच साल से कम उम्र के बच्चों की नहीं होगी ई-केवाईसी, मां-बाप हो रहे थे परेशान

पांच साल से कम उम्र के बच्चों की ई-केवाईसी के कारण मां-बाप को परेशानी झेलनी पड़ रही थी, लेकिन अब उन्हें इस मुशिकल से राहत मिलेगी। दून में 70 हजार से ज्यादा पांच साल से कम उम्र के बच्चों की अनुमानित संख्या है।

उत्तराखंड में भी राशन कार्ड धारक को अब पांच साल से कम उम्र के बच्चों की ई-केवाईसी नहीं करानी होगी। भारत सरकार की गाइडलाइन में अब इन बच्चों को अगले एक साल तक ई-केवाईसी से छूट दी गई है। इस निर्णय के बाद करीब चार लाख राशन कार्ड धारकों को राहत मिलेगी। हालांकि उनको पांच से छह साल के बीच बायोमेट्रिक अपडेट कराकर ई-केवाईसी करानी होगी।

दून में करीब 3.75 लाख राशन कार्ड जारी किए गए हैं। इनमें राष्ट्रीय खाद्य योजना के तहत 2.19 लाख राशन कार्ड, अंत्योदय योजना के तहत 15131 और राज्य खाद्य योजना के तहत 1.41 लाख राशन कार्ड हैं। इसमें 14.73 लाख कुल यूनिट हैं। भारत सरकार के निर्देश पर इन यूनिटों का सत्यापन चल रहा है।

जिला पूर्ति अधिकारी के अनुसार अनुमानित इन यूनिट में लगभग 70 हजार के करीब यूनिट पांच साल से कम उम्र के बच्चों की हैं। इनकी केवाईसी कराने में राशन कार्ड धारकों को बड़ी समस्या उठानी पड़ रही थी।

नौ लाख से ज्यादा लोग करा चुके हैं ई-केवाईसी

दून शहर में ई-केवाईसी का काम तेजी से चल रहा है। लोग जागरूक भी हुए हैं। शुरुआती दौर में स्थिति खराब थी लेकिन अब लोगों ने इसे समझा और अपनी ई-केवाईसी कराने पहुंचे। अब तक देहरादून में नौ लाख से ज्यादा लोग अपनी ई-केवाईसी करा चुके हैं।

पांच साल के बच्चों की ई-केवाईसी नहीं हो पा रही थी। इस वजह से राशन कार्ड धारकों को परेशानी हो रही थी। अब भारत सरकार के निर्देशानुसार पांच साल से कम उम्र के बच्चों की ई-केवाईसी की जरूरत नहीं होगी। -केके अग्रवाल, जिला पूर्ति अधिकारी

Uttarakhand Weather: दून समेत छह जिलों में घने कोहरे की चेतावनी, फिलहाल 14 तक बारिश-बर्फबारी की संभावना नहीं

उत्तराखंड के मैदानी जिले देहरादून, ऊधमसिंह नगर व हरिद्वार समेत नैनीताल, चंपावत और पौड़ी में घना कोहरा छाए रहने का येलो अलर्ट जारी किया गया है।

उत्तराखंड में बारिश-बर्फबारी की बेरुखी का सीधा असर तापमान पर पड़ने लगा है। बारिश-बर्फबारी न होने से प्रदेशभर में सूखी ठंड परेशान कर रही है। पर्वतीय इलाकों में शीतलहर और पाला तो मैदानी इलाकों में कोहरे ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार नौ जनवरी को भी प्रदेश के मैदानी जिले देहरादून, ऊधमसिंह नगर व हरिद्वार समेत नैनीताल, चंपावत और पौड़ी में घना कोहरा छाए रहने का येलो अलर्ट जारी किया गया है। हालांकि पर्वतीय क्षेत्रों में दिन के समय धूप खिलने से ठंड से थोड़ा राहत मिल रही है लेकिन सूखी ठंड से फिलहाल राहत मिलने की उम्मीद कम है। आने वाले दिनों की बात करें तो 14 जनवरी तक प्रदेशभर में मौसम शुष्क रहने की संभावना है।

Uttarakhand Weather: घने कोहरे की चादर में लिपटा हरिद्वार-दिल्ली नेशनल हाईवे, रेंगते नजर आए वाहन

घने कोहरे की चादर में लिपटे हरिद्वार-दिल्ली नेशनल हाईवे पर वाहन रेंगते नजर आए।

हरिद्वार–दिल्ली नेशनल हाईवे पर रात होते ही घना कोहरा छा गया है। कोहरे की सफेद चादर के कारण दृश्यता बेहद कम हो गई है, जिससे हाईवे पर चल रहे वाहन धीमी गति से आगे बढ़ने को मजबूर हैं।

हेडलाइट की रोशनी भी कोहरे में फीकी पड़ रही है। वहीं कई स्थानों पर वाहन चालक अतिरिक्त सावधानी बरतते दिखाई दे रहे हैं।

पुलिस और प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि रात के समय अनावश्यक यात्रा से बचें और यदि सफर जरूरी हो तो फॉग लाइट का प्रयोग करते हुए सुरक्षित दूरी बनाए रखें।