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समझौते की उम्मीद जगी: 21 घंटे की बातचीत बेनतीजा, लेकिन जेडी वेंस की पहल से अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ा भरोसा

अमेरिका और ईरान के बीच हाल ही में हुई शांति वार्ता भले ही किसी ठोस समझौते तक नहीं पहुंच पाई, लेकिन इसने दोनों देशों के बीच रिश्तों में कुछ नरमी जरूर पैदा की है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, जेडी वेंस की अगुवाई में हुई करीब 21 घंटे लंबी बातचीत ने ईरान की नई नेतृत्व टीम के साथ ‘गुडविल’ यानी भरोसे का माहौल बनाने में मदद की। द वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों का मानना है कि इस बातचीत से ईरान के साथ संवाद का रास्ता थोड़ा आसान हुआ है और आने वाले समय में ईरान अमेरिकी शर्तों को मानने पर विचार कर सकता है। हालांकि, अभी भी सबसे बड़ा विवाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर ही बना हुआ है।

 

Earthquake: रुद्रप्रयाग में भूकंप के झटके, 3.06 रही तीव्रता; लोगों में दहशत, घरों से बाहर निकले लोग

रुद्रप्रयाग में शनिवार को भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर पैमाने पर 3.06 की तीव्रता मापी गई है। भूकंप के झटकों से लोग दहशत में आ गए।
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में शनिवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 3.06 मापी गई है। भूकंप के झटकों से लोगों में दहशत फैल गई। कई लोग अपने घरों से बाहर निकल आए।

भूकंप के झटके सुबह 5:02 बजे महसूस किए गए। राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र ने इसकी जानकारी दी। भूकंप का केंद्र रुद्रप्रयाग से करीब 10 किलोमीटर पूर्व में था। इसकी गहराई धरती से लगभग 10 किलोमीटर नीचे दर्ज की गई।

झटके करीब 10 से 15 सेकंड तक महसूस किए गए। हालांकि, अभी तक किसी बड़े जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है। 

क्यों आता है भूकंप?
पृथ्वी के अंदर 7 प्लेट्स हैं, जो लगातार घूमती रहती हैं। जहां ये प्लेट्स ज्यादा टकराती हैं, वह जोन फॉल्ट लाइन कहलाता है। बार-बार टकराने से प्लेट्स के कोने मुड़ते हैं। जब ज्यादा दबाव बनता है तो प्लेट्स टूटने लगती हैं। नीचे की ऊर्जा बाहर आने का रास्ता खोजती हैं और डिस्टर्बेंस के बाद भूकंप आता है।
 जानें क्या है भूंकप के केंद्र और तीव्रता का मतलब?
भूकंप का केंद्र उस स्थान को कहते हैं जिसके ठीक नीचे प्लेटों में हलचल से भूगर्भीय ऊर्जा निकलती है। इस स्थान पर भूकंप का कंपन ज्यादा होता है। कंपन की आवृत्ति ज्यों-ज्यों दूर होती जाती हैं, इसका प्रभाव कम होता जाता है। फिर भी यदि रिक्टर स्केल पर 7 या इससे अधिक की तीव्रता वाला भूकंप है तो आसपास के 40 किमी के दायरे में झटका तेज होता है। लेकिन यह इस बात पर भी निर्भर करता है कि भूकंपीय आवृत्ति ऊपर की तरफ है या दायरे में। यदि कंपन की आवृत्ति ऊपर को है तो कम क्षेत्र प्रभावित होगा।

कैसे मापा जाता है भूकंप की तिव्रता और क्या है मापने का पैमाना?
भूंकप की जांच रिक्टर स्केल से होती है। इसे रिक्टर मैग्नीट्यूड टेस्ट स्केल कहा जाता है। रिक्टर स्केल पर भूकंप को 1 से 9 तक के आधार पर मापा जाता है। भूकंप को इसके केंद्र यानी एपीसेंटर से मापा जाता है। भूकंप के दौरान धरती के भीतर से जो ऊर्जा निकलती है, उसकी तीव्रता को इससे मापा जाता है। इसी तीव्रता से भूकंप के झटके की भयावहता का अंदाजा होता है।

PM Modi: नारी शक्ति वंदन बिल से पहले प्रधानमंत्री के स्वागत में महकेगा देहरादून, महिला कार्यकर्ताओं में उत्साह

नारी शक्ति वंदन बिल से पहले प्रधानमंत्री के स्वागत में देहरादून महकेगा। रैली में महिला पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं का जलवा दिखेगा। संगठन ने जिम्मेदारी तय की है। संगठनात्मक जिलों को भीड़ जुटाने के लक्ष्य दिए गए है।

तेरे आने की जब खबर महके, तेरी खुशबू से सारा घर महके…जगजीत सिंह की इस गजल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के देहरादून आगमन से जोड़कर देखें तो नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण बिल) के संसद में आने से पहले भाजपा इसी अंदाज में उत्साहित नजर आ रही है। पीएम मोदी के स्वागत की खुशबू से पूरा शहर महकेगा।

लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण के नारी शक्ति वंदन अधिनियम के लिए 16 से 18 अप्रैल के बीच संसद का विशेष सत्र होगा। इससे ठीक पहले पीएम मोदी का देहरादून में रोड शो होने जा रहा है। प्रधानमंत्री अपने भाषण में भी नारी शक्ति वंदन अधिनियम का जिक्र कर सकते हैं। इस नाते राज्य भाजपा संगठन खासा उत्साहित है। रैली में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए संगठन ने अलग से योजना तैयार की है।

बृहस्पतिवार को तैयारियों के लिए भाजपा की बैठक हुई, जिसमें महामंत्री संगठन अजेय कुमार, प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, रैली के संयोजक कुंदन परिहार व अन्य पदाधिकारी शामिल हुए। तय किया गया कि सभी महिला पदाधिकारियों को रैली के लिए महिलाओं की एक-एक गाड़ी लानी होगी। इसकी जिम्मेदारी महिला मोर्चा को सौंपी गई है, जो कि अपने स्तर से तैयारी में जुट गया है।

देहरादून की हर विधानसभा से 6000 लोग लाने होंगे

बैठक में तय किया गया कि देहरादून महानगर को हर विधानसभा से छह-छह हजार कार्यकर्ताओं की भीड़ जुटानी है। देहरादून ग्रामीण को 10 हजार, ऋषिकेश को 10 हजार का लक्ष्य दिया गया है। देहरादून नगर निगम के सभी पार्षदों को पार्टी ने 500-500 की भीड़ जुटाने का लक्ष्य दिया है। संगठन ने 12 किमी के रोड शो की जिम्मेदारी कैंट विधानसभा के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं को सौंपी है। ये रोड शो के दौरान पीएम मोदी पर पुष्प वर्षा करेंगे। यह भी तय किया गया कि कार्यक्रम स्थल पर सिख व अन्य अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों के लिए अलग से बैठने की व्यवस्था की जाएगी।

 

उत्तराखंड: सौगात व स्वागत के बीच सफलता का मंत्र देकर जाएंगे पीएम मोदी, भाजपा के लिए हैट्रिक आसान बनाना मकसद

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  14 अप्रैल को उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। सौगात व स्वागत के बीच प्रधानमंत्री सफलता का मंत्र देकर जाएंगे। 30 हजार भाजपा कार्यकर्ता फूलों से उनका स्वागत करेंगे।

उत्तराखंड में लगातार तीसरी सरकार का रिकॉर्ड कायम बनाने के लिए भाजपा की तैयारियां नए मुकाम की ओर बढ़ रही हैं। गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने चुनावी माहौल को यहां जो ऊंचाईयां दी हैं, उन्हें बुलंदी तक पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सफलता का मंत्र देकर जाएंगे। भाजपा ने उनके स्वागत की भव्य तैयारी की है।

पीएम मोदी की 14 अप्रैल को हेलिकॉप्टर से गणेशपुर स्थित हेलीपैड़ पर पहुंचेंगे। वहां से एशिया के सबसे लंबे एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर से होते हुए उनका काफिला डाटकाली मंदिर तक पहुंचेगा। वह उत्तराखंड को यहां इस एक्सप्रेस वे समेत करोड़ों की सौगात की सौगात देंगे तो भाजपा संगठन ने भी उनके स्वागत की बड़ी तैयारी की है।

डाटकाली मंदिर से लेकर कैंट स्थित मंहिद्रा ग्राउंड तक भाजपा के 30,000 कार्यकर्ता सड़क के दोनों ओर पीएम मोदी पर पुष्पवर्षा कर स्वागत करेंगे। इसके लिए देहरादून, सहारनपुर, हरिद्वार व अन्य क्षेत्रों से कई टन गुलाब की पंखुड़ियों का इंतजाम किया गया है।

 

भाजपा के लिए हैट्रिक बनाना आसान हो
दावा है कि पीएम मोदी की रैली में भी 30,000 से अधिक कार्यकर्ता शामिल होंगे। भाजपा ने पांच संगठनात्मक जिलों देहरादून ग्रामीण, देहरादून, ऋषिकेश, हरिद्वार और रुड़की के अलावा टिहरी के नरेंद्रनगर व उत्तरकाशी से भी कार्यकर्ताओं की टीमें रैली के लिए लगाए हैं। पीएम मोदी रैली के दौरान पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों से बातचीत भी करेंगे। मकसद होगा कि चुनावी माहौल को नई बुलंदियों तक पहुंचाएं, जिससे भाजपा के लिए हैट्रिक बनाना आसान हो। इधर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बृहस्पतिवार को पीएम मोदी की रैली की तैयारियों की समीक्षा बैठक लेंगे। इसमें संगठन के प्रदेश अध्यक्ष समेत सभी पदाधिकारी शामिल होंगे।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा कि पीएम मोदी की रैली का कार्यक्रम भव्य होगा। उन्होंने बताया कि सीएम धामी की अध्यक्षता में बैठक होगी। वहीं, पीएम पर पुष्पवर्षा की जाएगी। वह शहर में डाटकाली मंदिर से गढ़ी कैंट स्थित महिंद्रा ग्राउंड तक कार से पहुंचेंगे। बताया कि इस दौरान वह दून-दिल्ली एक्सप्रेसवे का लोकार्पण करेंगे।

Dehradun: 14 को दून-दिल्ली एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे पीएम मोदी, शंखनाद से होगा स्वागत, रोड शो भी करेंगे

मुख्यमंत्री ने सीएम आवास में प्रधानमंत्री के कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर उच्च स्तरीय बैठक की। उन्होंने कहा, इस भव्य आयोजन में समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, जिससे कार्यक्रम जन उत्सव का रूप ले सके।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि देहरादून-दिल्ली इकोनॉमिक कॉरिडोर (देहरादून-दिल्ली एक्सप्रेसवे) कॉरिडोर का उद्घाटन करने 14 अप्रैल को उत्तराखंड आ रहे पीएम का स्वागत शंखनाद व घंटानाद से होगा। वह डाट काली मंदिर में पूजा करेंगे और सभा स्थल गढ़ीकैंट जाते वक्त रोड शो में भी हिस्सा लेंगे। कार्यक्रम को उत्सव जैसा मनाने की तैयारियां की जा रही हैं।

मंगलवार को मुख्यमंत्री ने सीएम आवास में प्रधानमंत्री के कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर उच्च स्तरीय बैठक की। उन्होंने कहा, इस भव्य आयोजन में समाज के प्रत्येक वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, जिससे कार्यक्रम जन उत्सव का रूप ले सके। उन्होंने निर्देश दिए कि कार्यक्रम की रूपरेखा को अत्यंत आकर्षक एवं सुव्यवस्थित बनाया जाए। उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत गढ़वाली, कुमाऊंनी व जौनसारी लोकनृत्य, संगीत की झलक आयोजन में भव्य रूप से दिखाई देनी चाहिए। उन्होंने कहा कि लोग अपने घरों से निकलकर राष्ट्रीय ध्वज के साथ प्रधानमंत्री के रोड शो के दौरान कार्यक्रम में शामिल हों और पूरे राज्य में उत्सव जैसा माहौल बनाया जाए।

सीएम ने कहा कि यह परियोजना उत्तराखंड के विकास को नई दिशा देने वाली सिद्ध होगी। इस कॉरिडोर से राज्य में पर्यटन, रोजगार और व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। दिल्ली और देहरादून के बीच यात्रा समय में उल्लेखनीय कमी आएगी।

कॉरिडोर लॉजिस्टिक्स, परिवहन व निवेश के क्षेत्र में भी क्रांतिकारी परिवर्तन लाएगा, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। परियोजना का शुभारंभ राज्य विकास के इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज होगा और प्रदेश को राष्ट्रीय विकास की मुख्यधारा में और अधिक सशक्त बनाएगा। बैठक में राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सचिव शैलेश बगौली, गढ़वाल आयुक्त विनय शंकर पांडे, जिलाधिकारी सविन बंसल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र डोबाल, अपर सचिव बंशीधर तिवारी मौजूद रहे।

Chardham Yatra: जौलीग्रांट से बदरी-केदार धाम के लिए 26 अप्रैल से शुरू हो सकती है हेली सेवा, इतना रहेगा किराया

 जौलीग्रांट हेलीपैड से रुद्राक्ष एविएशन अपने एमआई-17 हेलीकॉप्टर से पिछले तीन वर्षों से लगातार बदरी-केदार के लिए उड़ानें संचालित कर रहा है। इस बार कंपनी 26 अप्रैल से 15 जून बरसात शुरू होने से पहले तक दो धामों के लिए यात्रा शुरू करने की तैयारियों में जुटी हुई है।

जौलीग्रांट हेलीपैड से दो धामों बदरीनाथ और केदारनाथ के लिए आगामी 26 अप्रैल से हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने की संभावनाएं हैं। रुद्राक्ष एविएशन अपने एमआई-17 डबल इंजन हेलीकॉप्टर से सेवा को शुरू करने जा रहा है। सभी औपचारिकताएं पूरी होते ही सेवा शुरू कर दी जाएगी।

जौलीग्रांट हेलीपैड से रुद्राक्ष एविएशन अपने एमआई-17 हेलीकॉप्टर से पिछले तीन वर्षों से लगातार बदरी-केदार के लिए उड़ानें संचालित कर रहा है। इस बार कंपनी 26 अप्रैल से 15 जून बरसात शुरू होने से पहले तक दो धामों के लिए यात्रा शुरू करने की तैयारियों में जुटी हुई है। बरसात के बाद सितंबर माह में फिर से इस हेली सेवा को शुरू किया जाएगा।

जौलीग्रांट हेलीपैड से हेलीकॉप्टर सुबह साढ़े छह बजे उड़ान भरेगा। एक ही दिन में दो धामों की यात्रा पूरी की जा सकेगी। वहीं रात्रि विश्राम की सुविधा भी श्रद्धालुओं को दी जाएगी। मौसम ठीक होने पर हेलीकॉप्टर जौलीग्रांट से एक दिन में दो बार उड़ान भरेगा। फिलहाल कंपनी के अधिकारी मंजूरी और अन्य औपचारिकताओं में जुटे हुए हैं। जिसके बाद ही इस सेवा को शुरू किया जाएगा।

एक लाख पैंतीस हजार रुपये प्रति व्यक्ति होगा किराया

जौलीग्रांट से दो धामों के लिए एमआई 17 हेलीकॉप्टर से यात्रा करने के लिए इस बार श्रद्धालुओं को प्रति व्यक्ति करीब एक लाख पैंतीस हजार रुपये खर्च करने होंगे। वहीं रात्रि विश्राम के साथ प्रति व्यक्ति किराया करीब डेढ़ लाख रुपये होगा। पिछले वर्ष किराया एक लाख 21 हजार और एक लाख 41 हजार के करीब था।

22 और 23 अप्रैल को केदारनाथ और बदरीनाथ के कपाट खुल रहे हैं। इस वर्ष भी चारधाम यात्रा में दो धामों के लिए एमआई 17 से हेलिकॉप्टर सेवा शुरू करने जा रही है। 26 अप्रैल से हेलीकॉप्टर सेवा के शुरू किए जाने की संभावनाएं हैं।

Rishikesh: आज पशुलोक बैराज पर सी-प्लेन उतारने की तैयारी, ट्रायल अहम; उत्तराखंड में पर्यटन को मिलेगी नई उड़ान

यूजेवीएन लिमिटेड की ओर से सोमवार सुबह करीब 11 बजे पशुलोक बैराज पर सी-प्लेन उतारने की कवायद की जाएगी। इस ट्रायल को प्रदेश में सी-प्लेन सेवा शुरू करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

उत्तराखंड में पर्यटन और परिवहन के क्षेत्र में एक नई पहल की शुरुआत होने जा रही है। यूजेवीएन लिमिटेड की ओर से सोमवार सुबह करीब 11 बजे पशुलोक बैराज पर सी-प्लेन उतारने की कवायद की जाएगी। इस ट्रायल को प्रदेश में सी-प्लेन सेवा शुरू करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

सी-प्लेन सेवा शुरू होने से उत्तराखंड के पर्यटन क्षेत्र में नई संभावनाएं खुलेंगी। खासकर ऐसे दुर्गम और दूरस्थ क्षेत्र, जहां सड़क या पारंपरिक हवाई सेवाएं पहुंचना मुश्किल है, वहां तक पर्यटकों की आसान पहुंच सुनिश्चित हो सकेगी। इससे न केवल पर्यटन स्थलों की लोकप्रियता बढ़ेगी, बल्कि स्थानीय लोगों को भी रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर मिलेंगे।

विशेषज्ञों का मानना है कि सी-प्लेन सेवा शुरू होने से राज्य में हाई-एंड टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा और देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों के लिए यात्रा अधिक सुविधाजनक और आकर्षक बनेगी। साथ ही आपदा की स्थिति में राहत और बचाव कार्यों को भी तेज गति से संचालित करने में मदद मिलेगी।

राज्य सरकार और संबंधित एजेंसियां इस परियोजना को आधुनिक परिवहन व्यवस्था के विस्तार के रूप में देख रही हैं। यदि ट्रायल सफल रहता है, तो आने वाले समय में प्रदेश के विभिन्न जलाशयों और नदियों पर सी-प्लेन सेवा शुरू की जा सकती है, जिससे उत्तराखंड को पर्यटन मानचित्र पर एक नई पहचान मिलेगी।

 

Dehradun: कैबिनेट विस्तार के बाद अब दायित्व बंटने शुरू, 14 वरिष्ठ नेताओं को दी गई जिम्मेदारी; आदेश जारी

सीएम पुष्कर सिंह धामी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने सभी नवनियुक्त दायित्वधारियों को शुभकामनाएं दी हैं।

धामी सरकार ने कैबिनेट विस्तार के बाद अब नेताओं को दायित्व बांटने शुरू कर दिए हैं। शुक्रवार को विभिन्न आयोगों, परिषदों और समितियों में 14 लोगों को नियुक्त कर दिया गया है। गृह एवं गोपन सचिव शैलेश बगौली की ओर से इस बाबत आदेश जारी किए गए।

देहरादून से कुलदीप सुटोला को राज्य स्तरीय खेल परिषद में अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है जबकि नैनीताल से ध्रुव रौतेला को मीडिया सलाहकार समिति का उपाध्यक्ष बनाया गया है। वहीं, चंपावत से हरिप्रिया जोशी को राज्य महिला आयोग में, टिहरी से विनोद सुयाल को राज्य युवा कल्याण सलाहकार परिषद में, चंपावत से मुकेश महराना को चाय विकास सलाहकार परिषद में स्थान दिया गया है।

देहरादून से चारु कोठारी को राज्य निर्माण आंदोलनकारी सम्मान परिषद में.चमोली से प्रेम सिंह राणा को जनजाति आयोग में, टिहरी से खेमसिंह चौहान को ओबीसी आयोग कल्याण परिषद में, टिहरी से ही सोना सजवाण को जड़ी बूटी सलाहकार समिति में, अल्मोड़ा से गोविंद पिलखवात को हथकरघा एवं हस्तशिल्प विकास परिषाद में, देहरादून से बलजीत सोनी को अल्पसंख्यक आयोग, काशीपुर की सीमा चौहान को मत्स्य विकास प्राधिकरण में उपाध्यक्ष बनाया गया है। इनके अलावा वरिष्ठ भाजपा नेता भावना मेहरा और अशोक वर्मा को भी जिम्मेदारी सौंपी गई है।

सीएम पुष्कर सिंह धामी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने सभी नवनियुक्त दायित्वधारियों को शुभकामनाएं दी हैं।

Uttarakhand: दोगुना हो गया व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों का कोटा, वितरण को लेकर शासन ने नई एसओपी की जारी

नई एसओपी के मुताबिक होम स्टे और स्वयं सहायता समूहों के प्रतिष्ठानों को अब 130 के स्थान पर हर दिन 260 सिलिंडर दिए जाएंगे।

प्रदेश में व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों की कमी से होने वाली दिक्कतों को देखते हुए इसका कोटा दोगुना कर दिया गया है। शासन ने सिलिंडरों के वितरण को लेकर नई एसओपी जारी की है। 2650 सिलिंडरों के स्थान पर अब हर दिन 5300 व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों का वितरण किया जाएगा।

नई एसओपी के मुताबिक होम स्टे और स्वयं सहायता समूहों के प्रतिष्ठानों को अब 130 के स्थान पर हर दिन 260 सिलिंडर दिए जाएंगे। जबकि पेइंग गेस्ट सुविधा वाले छात्रों के आवासों के लिए 300, औद्योगिक कैंटिनों के लिए 300, डेयरी एवं खाद्य प्रसंस्करणों के लिए 260, सरकारी एवं सरकारी नियंत्रण के गेस्ट हाउसों के लिए 300, रेस्टोरेंट एवं ढाबों को 2000 और होटल एवं रिजॉर्ट को 1500 एवं फार्मास्युटिकल के लिए हर दिन 380 सिलिंडर दिए जाएंगे।

विभाग के अधिकारियों के मुताबिक पूर्व में इसके लिए निर्धारित 20 प्रतिशत कोटे को बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया गया है। प्रदेश में हर दिन 5300 व्यावसायिक सिलिंडरों का यह आवंटन राज्य की तीन आपूर्तिकर्ता तेल व गैस कंपनियों आईओसीएल, बीपीसीएल एवं एचपीसीएल की बाजार में वर्तमान हिस्सेदारी के अनुरूप किया जाएगा। आदेश में कहा गया है कि तीनों कंपनियां आपूर्ति करेंगी और इस संबंध में संबंधित जिलाधिकारियों को सूचित करेंगी।

केंद्र सरकार 10 प्रतिशत और बढ़ाएगी कोटा
खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारियों के मुताबिक केंद्र सरकार की ओर से व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों का 10 प्रतिशत कोटा इस शर्त पर बढ़ाने का आश्वासन मिला है कि राज्य में पाइपलाइन के माध्यम से आने वाली गैस को लेकर और काम किया जाएगा। केंद्र के साथ शासन की वर्चुअल माध्यम से हुई बैठक के बाद मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने सभी जिलाधिकारियों को इस संबंध में निर्देश दिए हैं।

तो इस वजह से हो रही दिक्कत
खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग के अधिकारियों के मुताबिक राज्य में व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों को लेकर कुछ दिक्कत है, विभाग ने भी माना की इसकी कमी बनी है लेकिन यह कमी व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों की कटौती कर घरेलू गैस सिलिंडरों की आपूर्ति करने की वजह से बनी है। वहीं, घरेलू गैस की पर्याप्त आपूर्ति के बाद भी पैनिक बुकिंग की वजह से दिक्कत आ रही है। विभाग का कहना है कि लोगों ने सिलिंडरों को होल्ड करना शुरू कर दिया है।

Uttarkashi: अक्षय तृतीया पर खुलेंगे यमुनोत्री धाम के कपाट, मंदिर समिति की अगुवाई में निकाला गया शुभ मुहूर्त

मां यमुना के शीतकालीन प्रवास खरसाली गांव में स्थित यमुना मंदिर में आज यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने की तिथि घोषित की गई। कपाट खुलने का शुभ मुहूर्त निकाला गया।

यमुनोत्री धाम के कपाट 19 अप्रैल रविवार को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे। 12 बजकर 35 मिनट पर कर्क लग्न अनुसार कृतिका नक्षत्र आयुष्मान योग पर विशेष पूजा अर्चना विधि-विधान के साथ कपाट खुलेंगे।

आज मंगलवार यमुना जन्मोत्सव के अवसर पर मां यमुना के शीतकालीन प्रवास खरसाली गांव में स्थित यमुना मंदिर में आज यमुनोत्री मंदिर समिति की अगुवाई में यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने का विधिवत रूप से शुभ मुहूर्त निकाला गया।

मंदिर समिति के प्रवक्ता पुरुषोत्तम उनियाल ने बताया कि इससे पहले खरसाली गांव से मां यमुना की डोली सुबह 8.30 बजे स्थानीय वाद्ययंत्रों के साथ यमुनोत्री के लिए रवाना होगी। खरसाली गांव से यमुना के भाई शनिदेव महाराज सोमेश्वर महाराज की डोली भी अपनी बहन को विदा करने यमुनोत्री जाएंगे।