छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़, सात नक्सलियों के शव बरामद

News web media Uttarakhand : छत्तीसगढ़ में एक बार फिर से सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ की खबर है. बताया जा रहा है कि गुरुवार को राज्य की दंतेवाड़ा सीमा से लगे अबूझमाड़ जंगलों में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हो गई. जिसमें कई नक्सलियों के मारे जाने की खबर है. अभी तक सात नक्सलियों के शव बरामद किए जा चुके हैं.

जानकारी के मुताबिक, ओरछा ब्लॉक के रेकावाया और हितुल के जंगलों में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच जमकर गोलीबारी हुई. मुठभेड़ के साथ ही सुरक्षा बलों ने सर्च ऑपरेशन चलाया, इस दौरान सुरक्षा बलों को 7 वर्दीधारी नक्सलियों के शव मिले. बस्तर आईजी सुंदरराज पी ने सात नक्सलियों के शव मिलने की पुष्टि की है.

दंतेवाड़ा एसपी गौरव राय के मुताबिक, अबूझमाड़ के दक्षिणी क्षेत्र में पूर्वी बस्तर डिवीजन और इंद्रावती क्षेत्र कमेटी के नक्सलियों की मौजूदगी की सूचना मिली थी. इसी के आधर पर नक्सल विरोधी सर्च अभियान शुरू किया गया. इस अभियान के तहत 10 दिसंबर को नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बस्तर और कोंडागांव जिले की डीआरजी टीम के साथ एसटीएफ और सीआरपीएफ की संयुक्त पार्टी ने दक्षिण अबूझमाड़ क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन शूरू किया, इस दौरान गुरुवार सुबह 3 बजे से चार जिलों में संयुक्त नक्सल विरोधी ऑपरेशन शुरू किया गया. बताया जा रहा है कि दक्षिण अबूझमाड़ में 50 से 60 इंद्रावती एरिया कमेटी के नक्सलियों की मौजूदगी की खबर मिली थी उसके बाद ज्वाइंट एक्शन फोर्स ने इलाके में मोर्चा संभाला.

बता दें कि 15 दिसंबर को गृह मंत्री अमित शाह छत्तीसगढ़ के दौरे पर जाने वाले हैं. उनका ये दौरान बस्तर में ही होगा. ऐसे में सुरक्षा बल बस्तर जिले में सक्रिय हो गए हैं. गुरुवार को पुलिस को सूचना मिली थी कि माड़ इलाके में भारी संख्या में नक्सली मौजूद हैं. इसके बाद 4 जिलों से करीब 1 हजार से ज्यादा जवानों ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शूरू किया.

पीएम मोदी ने दी उत्तराखंड के 25वें स्थापना की बधाई, श्रद्धालुओं और राज्य के लोगों से की ये 9 अपील

News web media Uttarakhand : आज उत्तराखंड अपनी स्थापना की 25वीं सालगिरह मना रहा है. इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य के लोगों को बधाई और शुभकामनाएं दी. पीएम मोदी ने कहा कि आज से ही उत्तराखंड के रजत जयंती वर्ष का शुभारंभ हो रहा है. यानी हमारा उत्तराखंड अपने 25वें वर्ष में प्रवेश कर रहा है, हमें अब उत्तराखंड के उज्जवल भविष्य के लिए अगले 25 वर्ष की यात्रा शुरू करनी है.

पीएम मोदी ने कहा कि इसमें एक सुखद संयोग भी है, ये यात्रा ऐसे समय में होगी, जब देश भी 25 वर्षों के अमृत काल में है. यानी विकसित भारत के लिए विकसित उत्तराखंड देश इसी संकल्प को इसी कालखंड में पूरा होते देखेगा.

पीएम मोदी ने आगे कहा कि मुझे खुशी है कि उत्तराखंड के आप लोग आने वाले 25 वर्षों के संकल्पों के साथ पूरे राज्य में अलग-अलग कार्यक्रम कर रहे हैं. इन कार्यक्रमों के जरिए उत्तराखंड के गौरव का प्रसार भी होगा और विकसित उत्तराखंड के लक्ष्य की भी हर प्रदेशवासी तक बात पहुंचेगी. पीएम मोदी ने कहा कि मैं आप सभी को इस महत्वपूर्ण अवसर पर और इस महत्वपूर्ण संकल्प के लिए अपनी शुभकामनाएं देता हूं.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तराखंड के स्थापना दिवस के मौके पर लोगों से अपील भी की. पीएम मोदी ने कहा कि मैं आज आपसे और उत्तराखंड आने वाले यात्रियों और श्रद्धालुओं से नौ आग्रह करना चाहता हूं, 5 आग्रह उत्तराखंड के लोगों से और चार आग्रह यात्रियों और श्रद्धालुओं से. पीएम मोदी ने आगे कहा कि आपकी बोलियां काफी समृद्ध हैं, गढवाली, कुमाउंनी, जौनसारी ऐसी बोलियां का संरक्षण बहुत जरूरी है. मेरा पहला आग्रह है कि उत्तराखंड के लोग अपनी आने वाली पीढ़ी को जरूर ये बोलियां सिखाएं.

प्रधानमंत्री के नौ आग्रह

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि आज 9 नवंबर है, 9 का अंक शुभ माना जाता है, यह शक्ति का प्रतीक होता है. इसलिए आज वो उत्तराखंड के लोगों से 5 और यहां आने वाले पयर्टकों के सामने 4 यानि कुल 9 आग्रह करना चाहते हैं.

01 – बोली भाषा का संरक्षण

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आपकी गढ़वाली, कुमांउनी, जौनसारी सहित सभी बोलियां बेहद समृद्ध हैं, इनका संरक्षण बेहद जरूरी है. इसलिए उत्तराखंड के लोग आने वाली पीढ़ियों को अपनी बोली भाषा जरूर सिखाएं, उत्तराखंड की पहचान के लिए भी यह जरूरी है.

02 – एक पेड़ मां के नाम

पूरा देश जानता है कि उत्तराखंड के लोग प्रकृति और पर्यावरण के प्रेमी होते हैं. उत्तराखंड तो गौरा देवी की भूमि है, यहां हर महिला मां नंदा का रूप है. इसलिए यह बहुत आवश्यक है कि हम प्रकृति की रक्षा करें. इसके लिए एक पेड़ मां के नाम के तहत पौधारोपण करें, क्लामेंट चेंज से लड़ने के लिए भी यह बेहद जरूरी है.

03 – स्वच्छ जल

उत्तराखंड में नौलों -धारों की पूजा किए जाने की परंपरा है. इसलिए आप सभी अपने नौलों, धारों को संरक्षित करते हुए, पानी की स्वच्छता के सभी अभियानों को गति देने का प्रयास करेंगे.

04 – गांव से जुड़ाव

उत्तराखंड के लोग अपने गांव में आना जाना बनाते हुए, जड़ों से जुड़े रहें. खासकर रिटायरमेंट के बाद गांव में समय जरूर बिताएं, इससे गांवों के साथ आपके संबंध मजबूत होंगे.

05 – तिबारी वाले घरों को संवारें

प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के लोग अपने गांव में पुराने तिबारी वाले घरों को बचाने और संरक्षित करने के लिए भी आगे आएं. पुराने घरों को होम स्टे में बदलकर, आय का साधन बना सकते हैं.

पयर्टकों से अपील

06 – सिंगल यूज प्लास्टिक से बचें

पर्यटक के रूप में आप जब भी आप हिमालय की गोद में जांए, स्वच्छता को सबसे उपर रखें इस सोच के साथ जाएं कि पहाड़ में सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल नहीं करना है.

07 – वोकल फॉर लोकल

पहाड़ों में घूमने फिरने के दौरान वोकल फॉर लोकल याद रखें, अपनी यात्रा का कम से कम पांच प्रतिशत खर्च स्थानीय उत्पादों को खरीदने में करें.

08 – यातायात के नियम अपनाएं

आप जब भी पहाड़ों पर जाएं, वहां के ट्रैफिक नियमों का पालन करें, सावधान रहें, हर किसी का जीवन अमूल्य है.

09 – तीर्थों की मर्यादा का पालन करें

धार्मिक स्थलों पर स्थानीय रीति -रिवाजों और नियम कायदों का पालन करते हुए, वहां की मर्यादा का ध्यान रखें. इस बारे में उत्तराखंड के लोगों की मदद ले सकते हैं.

यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के रिजल्ट को लेकर आया ये अपडेट,जानिए कब होगा जारी

News web media Utttarakhand : यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा के रिजल्ट का इंतजार लोग बहुत ही बेसब्री से कर रहे हैं. उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) इस महीने के अंत तक कांस्टेबल भर्ती परीक्षा का रिजल्ट जारी करने की योजना बना रहा है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बोर्ड को निर्देशित किया है कि वे जल्द से जल्द रिजल्ट जारी करें और परीक्षा की शुचिता सुनिश्चित करें. उम्मीदवार जो भी इस परीक्षा के लिए शामिल हुए हैं, वे अपना रिजल्ट यूपीपीआरपीबी की आधिकारिक वेबसाइट uppbpb.gov.in पर जाकर चेक कर सकते हैं.

यूपी पुलिस कांस्टेबल की परीक्षा दो फेज में हुई आयोजित
कांस्टेबल भर्ती परीक्षा दो चरणों में आयोजित की गई थी. पहला चरण: 23, 24 और 25 अगस्त 2024 और दूसरा चरण: 30 और 31 अगस्त 2024 को आयोजित हुई थी. परीक्षा देशभर के 67 जिलों के 1,174 केंद्रों पर आयोजित की गई थी, जिसमें लगभग 48 लाख उम्मीदवार शामिल हुए थे. परीक्षा दो शिफ्टों में सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक और दोपहर 3 बजे से शाम 5 बजे तक आयोजित की गई.

यूपी पुलिस कांस्टेबल की परीक्षा 2024 ऐसे करें चेक
UPPRPB की आधिकारिक वेबसाइट uppbpb.gov.in पर जाएं.
होम पेज पर कांस्टेबल रिजल्ट से संबंधित लिंक खोजें और उस पर क्लिक करें.
अपना लॉगिन क्रेडेंशियल दर्ज करें.
सबमिट करने के बाद, अगले पृष्ठ पर अपना रिजल्ट देखें.

UPPRPB ने चरणबद्ध तरीके से परीक्षा के लिए प्रोविजनल आंसर की जारी की थी और आपत्ति विंडो 19 सितंबर 2024 को बंद हो गई थी.

दिवाली के बाद लगा महंगाई का झटका, कमर्शियल सिलेंडर की कीमते बढ़ी

News web media Uttarakhand : दिवाली के तुरंत बाद देश की जनता को महंगा का झटका लगा है. दरअसल, दिवाली के अगले ही दिन यानी आज (शुक्रवार) को तेल कंपनियों ने एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में इजाफा कर दिया. हालांकि, 1 नवंबर को सरकारी तेल कंपनियों ने कर्मशियल गैस सिलेंडर की कीमतों में इजाफा हुआ है. जबकि घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है.

शुक्रवार को 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल सिलेंडर की कीमतों में 62 रुपये की बढ़ोतरी की गई. इसके बाद 19 किग्रा वाला कमर्शियल गैस सिलेंडर बढ़कर 1802 रुपये का हो गया. फिलहाल पिछले कुछ महीनों से घरेलू गैस सिलेंडर के दाम स्थिर बने हुए हैं.

शादी और त्योहारी सीजन में कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में हुए इजाफे के बाद आम लोगों की जेब पर असर पड़ना लाजिमी है. क्योंकि व्यावसायिक गैस सिलेंडर का इस्तेमाल शादियों में खाना बनाने और रेस्टोरेंट, होटल आदि में किया जाता है. ऐसे में शादी वाले परिवार पर इसका थोड़ा ही सही लेकिन असर जरूर देखने को मिलेगा.

शुक्रवार को तेल कंपनियों ने 19 किग्रा वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में 62 रुपये का इजाफा किया. इसके बाद दिल्ली में 19 किग्रा वाला सिलेंडर 1802 रुपये का हो गया. जबकि पहले इसकी कीमत 1740 रुपये थी. इसी के साथ तेल कंपनियों ने 5 किग्रा वाले गैस सिलेंडर की कीमतों में भी 15 रुपये की बढ़ोतरी की गई.

शिंदे का बड़ा खुलासा, सीएम की कुर्सी के लिए कांग्रेस के साथ ठाकरे ने किया गठबंधन

News web media Utttarakhand : महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है. राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो चुका है. इस बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शिवसेना (यूबीटी) के प्रमुख उद्धव ठाकरे को लेकर बड़ी बात कह दी है. न्यूज एजेंसी के सवालों का जवाब देते हुए शिंदे ने कहा कि सिर्फ मुख्यमंत्री बनने के लिए ठाकरे ने कांग्रेस के साथ गठबंधन किया था. आगे बोलते हुए शिंदे ने कहा कि जब प्रदेश में महाविकास अघाड़ी की सरकार थी, उसमें मैं भी था. कांग्रेस के साथ मिलकर सरकार बनाना बाला साहेब ठाकरे के आदर्शों के खिलाफ थी.

हमने उद्धव ठाकरे को बहुत समझाया कि कांग्रेस से दूर रहो, लेकिन वह नहीं माने. कांग्रेस के साथ आने के बाद पार्टी का काफी नुकसान हो रहा था और इसी वजह से शिवसेना दो गुटों में टूट गई. हमने प्रदेश में तख्तापलट कर दिया और प्रदेश में भाजपा के साथ मिलकर सरकार बनाई.

वहीं, शिंदे ने यह भी कहा कि वह लोगों के बीच जाकर उनकी बात सुनने में भरोसा करते हैं. एक आम आदमी की तरह जनता की जरूरतों को प्रत्यक्ष रूप से समझने के महत्व पर जोर देते हुए शिंदे ने कहा कि उनकी सरकार गूंगी और बहरी नहीं है.

हमने जनता के लिए इन 2 सालों में काम किया है और आगे भी करेंगे. इसके साथ ही उन्होंने बाबा सिद्दीकी हत्या केस पर कहा कि सरकार और गृह विभाग इसकी जांच कर रही है और इसकी जड़ तक पहुंचेगी. इसमें शामिल किसी भी व्यक्ति को नहीं बख्शा जाएगा. बता दें कि बीते दिन ठाकरे गुट के नेता अरविंद सावंत ने शिंदे गुट के नेता शाइना एनसी पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी. जिस पर प्रदेश में जमकर सियासी बयानबाजी हो रही है.

अरविंद सावंत ने शाइना के लिए माल शब्द का इस्तेमाल किया था. जिसे लेकर शाइना ने उनके खिलाफ एक महिला पर अभद्र टिप्पणी करने को लेकर 1 नवंबर को पुलिस में एफआईआर भी दर्ज करवाई है. महाराष्ट्र में कुल 288 विधानसभा सीटें हैं. जिस पर 20 नवंबर को मतदान होना है. 23 नवंबर को चुनावी नतीजों की घोषणा की जाएगी.

प्रशांत किशोर के मायावती पर गंभीर आरोप, कहा-वो करोड़ों रुपये लेकर वोट देती हैं

News web media Utttarakhand  : बिहार में चार विधानसभा सीटों पर हो रहे उपचुनाव को लेकर प्रचार अभियान शुरू हो गया है. इस बीच, जन सुराज के सूत्रधार और पार्टी के स्टार प्रचारक प्रशांत किशोर ने शनिवार को अपने प्रत्याशियों के समर्थन में प्रचार शुरू कर दिया. उन्होंने सबसे पहले रामगढ़ विधानसभा क्षेत्र के नुआंव प्रखंड से अपने जनसंवाद कार्यक्रम की शुरुआत की.

प्रशांत किशोर ने बसपा प्रमुख मायावती पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि बसपा की विचारधारा के आधार पर यहां के लोग वोट देते आए हैं. लेकिन, जब आपके बच्चे बीमार होते हैं या आप पर कोई संकट आता है, तो न तो मायावती आती हैं और न ही उनके नेता. उन्होंने कहा कि मायावती करोड़ों रुपये लेकर बसपा का टिकट देती हैं. उन्होंने सवाल करते हुए कहा कि करोड़ों रुपये देकर टिकट पाने वाला नेता आपकी चिंता करेगा या मायावती को दिए गए पैसों की.

प्रशांत किशोर ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि आने वाले उप-चुनाव में आप अपनी जाति का बंधन तोड़कर अपने बच्चों के भविष्य के लिए, अपने बिहार के भविष्य के लिए वोट करें, ताकि बिहार का कोई युवा जब दूसरे राज्य में जाए, तो उसे कोई बिहारी कहकर गाली न दे.

प्रशांत किशोर ने रामगढ़ में लोगों को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर आप भाजपा को वोट देंगे, तो याद रखिएगा कि वे सत्ता के लिए वे मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का साथ देंगे. वही मुख्यमंत्री जिन्होंने कोरोना संकट में आपको अपने हाल पर छोड़ दिया. बिहार के बच्चे पूरे देश से पैदल चलकर बिहार पहुंचे, लेकिन आपके मुख्यमंत्री अपने आवास से बाहर तक नहीं निकले. यह चुनाव ऐसे असंवेदनशील मुख्यमंत्री को सबक सिखाने का चुनाव है.

उल्लेखनीय है कि तरारी में सीपीआई के सुदामा प्रसाद, बेलागंज में राजद के सुरेंद्र यादव, इमामगंज में हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के जीतन राम मांझी और रामगढ़ में राजद के सुधाकर सिंह के लोकसभा पहुंच जाने से ये चारों सीटें खाली हुई हैं. सभी सीटों पर 13 नवंबर को वोटिंग होगी और 23 नवंबर को नतीजे आएंगे.

अब्बास अंसारी को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत, मनी लॉन्ड्रिंग केस में मिली जमानत

News web media Uttarakhand : शुक्रवार को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में विधायक अब्बास अंसारी को सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी राहत दी है. कोर्ट ने अब्बास अंसारी की जमानत को मंजूरी दे दी है, सुभासपा विधायक को मनी लॉन्ड्रिंग केस और चित्रकूट जेल में अवैध तरीके से पत्नी से मुलाकात मामले में जमानत मिली है. हालांकि गैंगस्टर एक्ट से जुड़े लंबित आरोपों के कारण अभी अब्बास अंसरी जेल से बाहर नहीं निकल पाएंगे. वहीं कोर्ट ने इस बात पर भी जोर दिया है कि अब्बास अंसारी को चल रही जांच में सहयोग करना चाहिए.

विधायक अब्बास अंसारी को न्यायमूर्ति एमएम सुंदरेश और न्यायमूर्ति पंकज मिथल की पीठ ने जमानत दी है. सुप्रीम कोर्ट ने इससे पहले 14 अगस्त को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को नोटिस जारी कर इलाहाबाद हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली अंसारी की अपील पर जवाब मांगा था, जिसमें उसे जमानत देने से इनकार कर दिया गया था. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 9 मई को अंसारी की जमानत याचिका को खारिज कर दिया था, जिसमें रिकॉर्ड पर मौजूद सामग्री का हवाला दिया गया था.

कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा था कि दो कंपनियों मेसर्स विकास कंस्ट्रक्शन और मेसर्स आगाज के साथ अंसारी के धन के लेनदेन के संकेत हैं. ईडी ने आरोप लगाया कि अंसारी ने धन शोधन के लिए इन कंपनियों का इस्तेमाल किया. ईडी ने पिछले तीन मामलों के आधार पर धन शोधन रोकथाम कानून, 2002 के तहत सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के विधायक अब्बास अंसारी के खिलाफ मामला दर्ज किया था. उत्तर प्रदेश की मऊ सीट से विधायक अंसारी अभी कासगंज जेल में हैं.

अब ये होगा अरविंद केजरीवाल का नया पता, मनीष सिसोदिया भी होंगे शिफ्ट

News web media Uttarakhand : दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल कल यानि शुक्रवार को सरकारी बंगला खाली करने वाले हैं. सरकारी आवास छोड़ने के बाद केजरीवाल और उनका परिवार 5, फिरोजशाह रोड पर शिफ्ट होने वाला है. आप संयोजक पार्टी सांसद अशोक मित्तल के संग वह रहने वाले हैं. वहीं, दिल्ली के पूर्व डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया भी अपना घर खाली करके शिफ्ट होंगे.

दिल्ली के मंत्री सौरभ भारद्वाज के जानकारी दी कि आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने अरविंद केजरीवाल को अपने घर पर आमंत्रित किया था. इसके बाद पूर्व सीएम केजरीवाल ने अपने निर्वाचन क्षेत्र (नई दिल्ली) जाने का निर्णय लिया. अब वे आप सांसद अशोक मित्तल के घर पर रहने वाले हैं.

जब तक वे दिल्ली के सीएम के रूप में दोबारा नहीं चुने जाते, तब तक वे इसी पते पर रहेंगे. आपको बता दें कि मनीष सिसोदिया को दिल्ली के डिप्टी सीएम के तौर पर आवास (एबी 17, मथुरा रोड) पर मिला था. अब वे इसे खाली करने वाले हैं. सौरभ भारद्वाज के अनुसार, सिसोदिया भी कल तक आवास को छोड़ देंगे.

दिल्ली के सीएम पद से इस्तीफा देने के बाद ही केजरीवाल अपने लिए नया ठिकाना ढूंढ़ रहे थे. आम आदमी पार्टी की ओर से कहा गया कि पितृ पक्ष के खत्म होते ही और नवरात्र आरंभ होने के बाद केजरीवाल सीएम आवास छोड़ेंगे. बीते दिनों जंतर मंतर पर एक जनसभा को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा ‘ सीएम बनने के 10 साल बाद भी उनके पास राजधानी में अपना आवास नहीं है. दस सालों में मैंने आपके प्यार और आशीर्वाद के अलावा कुछ नहीं कमाया

शिंदे सरकार ने गाय को किया राज्यमाता घोषित, ऐसा करने वाला बना देश का पहला राज्य

News web media Uttarakhand : वैदिक काल से देशी गायों की अहमियत को देखते हुए एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली महाराष्ट्र सरकार ने उन्हें ‘राज्यमाता-गोमाता’ का दर्जा दिया है. इस बाबत सोमवार को राज्य सरकार की तरफ से एक नोटिफिकेशन भी जारी किया जा चुका है. इस तरह से, गाय को राज्यमाता घोषित करने वाला महाराष्ट्र देश का पहला राज्य बन गया है. महाराष्ट्र में कुछ ही महीनों बाद विधानसभा चुनाव होने हैं, ऐसे में शिदे सरकार का यह फैसला बेहद अहम माना जा रहा है.

राज्य कृषि, डेयरी विकास, पशुपालन और मत्स्य पालन विभाग द्वारा जारी सरकारी प्रस्ताव में कहा गया है कि गाय को ‘राज्यमाता’ घोषित करने के पीछे अन्य वजहों में मानव पोषण में स्वदेशी गाय के दूध का महत्व, आयुर्वेदिक और पंचगव्य उपचार और जैविक खेती में गाय के खाद का उपयोग भी शामिल है.

एक अधिकारी ने कहा, “राज्य विधानसभा चुनाव से पहले आया यह फैसला भारतीय समाज में गाय के आध्यात्मिक, वैज्ञानिक और ऐतिहासिक महत्व पर जोर देता है.” उन्होंने कहा कि यह उस अभिन्न भूमिका को सबके सामने लाने की कोशिश करता है जो गायों ने भारत के सांस्कृतिक परिदृश्य में सदियों से निभाई है.

उन्होंने कहा, “महाराष्ट्र सरकार के फैसले में, राज्य सरकार ने गाय के गोबर के कृषि लाभों पर जोर दिया है, जो मिट्टी की उर्वरता को बढ़ाता है और मानव पोषण में योगदान देता है. इसके साथ ही टिकाऊ कृषि प्रथाओं को बढ़ावा देने के सरकार की कोशिशों को दिखाता है.”

अब पश्चिम बंगाल में हुई ट्रेन बेपटरी, न्यू मयनागुड़ी स्टेशन मालगाड़ी के 5 वैगन पटरी से उतरे

News web media Uttarakhand : इन दिनों देश के अलग-अलग राज्यों से ट्रेनों को बेपटरी करने की कोशिश की कई खबरें सामने आई हैं. इस बीच कई रेल हादसे भी हुए हैं. अब पश्चिम बंगाल में एक ट्रेन के बेपटरी होने की खबर है. बताया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल के अलीपुरद्वार डिवीजन के न्यू मयनागुड़ी स्टेशन पर एक मालगाड़ी के 5 वैगन पटरी से उतर गए. बताया जा रहा कि ये हादसा सुबह साढ़े छह बजे के आसपास हुआ. मालगाड़ी खाली होने की वजह से ज्यादा नुकसान नहीं हुआ. हालांकि मालगाड़ी के डिब्बे पटरी से उतरने की वजह से इस रूट पर ट्रेनों का आवागमन प्रभावित हुआ है.

अलीपुरद्वार डिवीजन के डीआरएम अमरजीत गौतम ने कहा कि, “आज सुबह, न्यू मयनागुड़ी स्टेशन के पास एक खाली मालगाड़ी के लगभग 5 वैगन पटरी से उतर गए. हम यातायात बहाल करने की कोशिश कर रहे हैं. हादसे की वजह अभी तक पता नहीं चली है. रेलवे की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है.”

रेलवे के मुताबिक मालगाड़ी के पटरी से उतरने के बाद कई ट्रेनों को वैकल्पिक मार्गों से मोड़ दिया गया है. जिससे कुछ ट्रेनों को छोड़कर आवाजाही प्रभावित नहीं हुई है. अधिकारियों का कहना है कि जिस स्टेशन पर मालगाड़ी के डिब्बे पटरी से उतरे हैं उस स्टेशन पर 5 रेलवे ट्रैक हैं. क्षतिग्रस्त हुए ट्रैक पर जल्द से जल्द गाड़ियों की बहाली शुरू की जाएगी. डीआरएम अलीपुरद्वार सहित वरिष्ठ अधिकारी साइट पर मौजूद है और बहाली का काम जल्द से जल्द पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं. स्टेशन अधीक्षक मुकेश कुमार के मुताबिक, इस हादसे में को हताहत नहीं हुआ है. वहीं मरम्मत का काम जल्द पूरा कर लिया जाएगा.

बता दें कि पश्चिम बंगाल में ये कोई पहला मामला नहीं है जब कोई मालगाड़ी पटरी से उतरी हो. इससे पहले 17 अगस्त को भी राज्य में एक मालगाड़ी पटरी से उतर गई थी. तब सिलीगुड़ी में रात के वक्त एक मालगाड़ी बेपटरी हो गई थी. ये हादसा सिलीगुड़ी-रंगापानी इलाके में हुआ था. इस हादसे में भी किसी के हताहट होने की कोई खबर सामने नहीं आई थी.